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Posted: Jun 20, 2008 Fri 08:59 am Views: 171
आप से हमको – बिछड़े हुए
अपना मुकद्दर – बिगड़े हुए
एक जमाना – बीत गया
आप से मिल कर – इन आँखों ने
कितने ख़्वाब – सजाये थे
जिस गुलशन में – मिलकर हम ने
गीत वफ़ा के – गाये थे
उस गुलशन के – उजड़े हुए
अपना मुकद्दर – बिगड़े हुए
एक जमाना – बीत गया
किस्मत हमको – ले आई है
गुलशन से – बीराने में
आँसू भी – नाकाम रहे हैं
दिल की आग – बुझ़ाने में
इस बीराने में – जलते हुए
अपना मुकद्दर – बिगड़े हुए
एक जमाना – बीत गया
आप से हमको – बिछड़े हुए
अपना मुकद्दर – बिगड़े हुए
एक जमाना – बीत गया
(गायक, गायिका – मनहर उदास, सुमन कल्याणपुर)
(फिल्म – विश्वाश)
(गीत – गुलशन बावरा)
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